मीरा भाएंदर में छत्रपति शिवाजी की मूर्ति विवाद: BJP के प्रस्ताव पर शिवसेना-कांग्रेस का विरोध

The CSR Journal Magazine
मीरा-भाईंदर के काशीमीरा चौक स्थित छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा को लेकर विवाद जोर पकड़ रहा है। यह मामला तब तूल पकड़ा जब मीरा-भाईंदर महानगरपालिका में बीजेपी ने इस प्रतिमा को हटाने का प्रस्ताव पेश किया। प्रस्ताव का निर्माण सत्ताधारी दल ने विधानसभा में 79 नगरसेवकों की सहमति से किया। इस कार्रवाई का खुलकर विरोध शिंदे की शिवसेना और कांग्रेस ने किया।

विरोध के पीछे की वजहें

बीजेपी के विधायक नरेंद्र मेहता ने कहा कि प्रतिमा केवल मरम्मत के लिए हटाई जाएगी। वहीं, शिवसेना नेता प्रताप सरनाईक ने चेतावनी दी कि यह एक साजिश है। उन्होंने दावा किया कि काशीमीरा में शॉपिंग मॉल बनाने के लिए यह सब किया जा रहा है। शिवसेना और कांग्रेस का कहना है कि बीजेपी ने मीरा-भाईंदर की सत्ता का दुरुपयोग करते हुए यह प्रस्ताव पारित करने की कोशिश की है।

महानगरपालिका में बीजेपी की स्थिति

मीरा-भाईंदर महानगरपालिका में कुल 95 नगरसेवक हैं, जिनमें 78 बीजेपी के, 13 कांग्रेस के, 1 निर्दलीय और 3 एकनाथ शिंदे की शिवसेना के हैं। प्रस्ताव कुछ समय पहले ही पारित हुआ जिसमें प्रतिमा की मरम्मत और स्थानांतरण का उल्लेख किया गया। इस पर शिंदे की शिवसेना और कांग्रेस ने तीखा विरोध किया।

क्या होगा प्रतिमा का?

विधायक नरेंद्र मेहता के अनुसार, प्रतिमा को अस्थायी रूप से हटाना आवश्यक है क्योंकि इसमें दरारें आ गई हैं। उन्होंने कहा कि इसका पुनर्स्थापन उसी स्थान पर किया जाएगा। उनके अनुसार, कुछ लोग इस मुद्दे पर राजनीति कर रहे हैं। लेकिन प्रताप सरनाईक ने सीधे तौर पर कहा है कि यदि प्रतिमा का स्थानांतरण किया गया, तो शिवसेना सड़कों पर उतरेगी।

गहरी नाराजगी का संकेत

इस विवाद के चलते शिवप्रेमियों में गहरी नाराजगी बढ़ती जा रही है। राज ठाकरे की एमएनएस ने भी अपने विरोध का इजहार किया है। उनका कहना है कि प्रतिमा की सुरक्षा होनी चाहिए और इसका स्थानांतरण अपमानजनक है। इस मामले में मूर्तिकारों और सलाहकारों की नियुक्ति पर चर्चा की जा रही है, लेकिन प्रशासन ने स्पष्ट नहीं किया है कि मरम्मत के बाद प्रतिमा को वापस उसी स्थान पर स्थापित किया जाएगा या नहीं।

राजनीतिक जंग में नया मोड़

जैसे-जैसे यह मामला आगे बढ़ रहा है, मीरा-भाईंदर की राजनीतिक माहौल में इसके और बड़े असर की आशंका है। छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा न केवल ऐतिहासिक महत्व रखती है बल्कि यह स्थानीय लोगों की भावनाओं से भी जुड़ी हुई है। आगे आने वाले दिनों में यह विवाद और भी गहरा सकता है, जिससे स्थानीय राजनीति में हलचल पैदा हो सकती है।

Long or Short, get news the way you like. No ads. No redirections. Download Newspin and Stay Alert, The CSR Journal Mobile app, for fast, crisp, clean updates!

App Store –  https://apps.apple.com/in/app/newspin/id6746449540 

Google Play Store – https://play.google.com/store/apps/details?id=com.inventifweb.newspin&pcampaignid=web_share

Latest News

Popular Videos