रूस में एक बेहद महत्वाकांक्षी वैज्ञानिक परियोजना पर काम चल रहा है, जिसका लक्ष्य इंसान की उम्र बढ़ने की प्रक्रिया को धीमा करना और संभव हो तो लगभग “अमरता” जैसी स्थिति तक पहुंचना बताया जा रहा है। इस प्रोजेक्ट के तहत सरकार ने करीब 26 अरब डॉलर (लगभग 2.47 लाख करोड़ रुपये) का भारी-भरकम निवेश किया है। इस पहल का नाम “न्यू हेल्थ प्रिजर्वेशन टेक्नोलॉजीज” बताया जा रहा है।
सरकारी दावों के अनुसार, इस मिशन से आने वाले वर्षों में उम्र बढ़ने की प्रक्रिया को काफी हद तक धीमा किया जा सकता है और हजारों-लाखों लोगों की जान बचाई जा सकती है।
लैब में बनेंगे मानव अंग और नई तकनीकें
रिपोर्ट्स के मुताबिक, रूस इस प्रोजेक्ट में कई हाई-टेक वैज्ञानिक तकनीकों पर काम कर रहा है। इनमें शामिल हैं:
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जीन थेरेपी: इंसान के DNA में बदलाव कर बीमारियों और उम्र बढ़ने को नियंत्रित करने की कोशिश
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3D बायोप्रिंटिंग: जीवित कोशिकाओं की मदद से मानव अंग और टिश्यू तैयार करना
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पेप्टाइड थेरेपी: शरीर की कोशिकाओं को सही तरीके से काम करने के संकेत देने वाले सिंथेटिक कंपाउंड का उपयोग
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क्रायोथेरेपी: बेहद कम तापमान में शरीर को रखकर कोशिकाओं की उम्र बढ़ने की गति को कम करना

