सरकारी जमीन से अतिक्रमण हटाने पर बवाल, सरपंच प्रतिनिधि पर हमला वाहन में तोड़फोड़, ग्रामीणों का थाने पर प्रदर्शन

The CSR Journal Magazine
राजस्थान में बाड़मेर जिले की आगोर ग्राम पंचायत में सरकारी जमीन से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के बाद विवाद खड़ा हो गया। कार्रवाई से नाराज कुछ महिलाओं ने सरपंच प्रतिनिधि और समाजसेवी खेराज प्रजापत के साथ मारपीट करने तथा उनके वाहन पर पथराव कर नुकसान पहुंचाने का आरोप लगा है। घटना के विरोध में बड़ी संख्या में ग्रामीण और जनप्रतिनिधि थाने पहुंचे तथा आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

सरकारी भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने के बाद बढ़ा विवाद

जानकारी के अनुसार बाड़मेर जिले की आगोर ग्राम पंचायत क्षेत्र में सरकारी जमीन पर कुछ लोगों ने अस्थायी रूप से कब्जा कर रखा था। इसके अलावा वहां बड़ी संख्या में बबूल की झाड़ियां भी उगी हुई थीं। प्रशासन और ग्राम पंचायत की ओर से सरकारी भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने के लिए अभियान चलाया गया। इस दौरान टीम ने मौके पर मौजूद अस्थायी कब्जों को हटाने के साथ-साथ बबूल की झाड़ियों को भी साफ कराया। बताया जा रहा है कि इस कार्रवाई के बाद कुछ स्थानीय परिवारों में नाराजगी व्याप्त थी। ग्रामीणों के अनुसार अतिक्रमण हटाने के बाद से ही क्षेत्र में तनावपूर्ण स्थिति बनी हुई थी, जो बाद में विवाद का कारण बन गई।

महिलाओं ने रास्ता रोककर किया हमला, वाहन पर बरसाए पत्थर

अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के बाद जब सरपंच प्रतिनिधि और समाजसेवी खेराज प्रजापत क्षेत्र से गुजर रहे थे, तब कुछ महिलाओं ने उनका रास्ता रोक लिया। आरोप है कि महिलाओं ने उनके साथ कहासुनी के बाद मारपीट की। इतना ही नहीं, आरोपियों ने उनके वाहन पर भी पत्थरों से हमला कर दिया। पथराव के कारण वाहन को काफी नुकसान पहुंचा। अचानक हुए इस घटनाक्रम से मौके पर अफरा-तफरी मच गई और आसपास के लोग भी एकत्रित हो गए। घटना की सूचना मिलते ही क्षेत्र में तनाव का माहौल बन गया।

घटना से नाराज ग्रामीणों ने थाने पहुंचकर जताया विरोध

समाजसेवी पर हमले की खबर गांव में फैलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण और जनप्रतिनिधि आक्रोशित हो गए। ग्रामीणों ने घटना को गंभीर बताते हुए आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। इसके बाद बड़ी संख्या में लोग रीको थाने पहुंचे और पुलिस अधिकारियों को ज्ञापन देकर आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की। ग्रामीणों का कहना था कि जनप्रतिनिधि और समाजसेवी पर हमला कानून व्यवस्था के लिए गंभीर चुनौती है। पुलिस अधिकारियों ने ग्रामीणों को निष्पक्ष जांच और उचित कार्रवाई का भरोसा दिलाया, जिसके बाद मामला शांत हुआ।

नामजद आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज, जांच शुरू

घटना की सूचना मिलने पर रीको थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। पीड़ित समाजसेवी खेराज प्रजापत ने रीको थाने में नामजद रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस को दी गई शिकायत में लीला पत्नी रामाराम, जसोदा पत्नी पप्पूराम, इमियो पुत्री पुरखाराम, संतोष पत्नी जयराम तथा उनके साथ मौजूद 3-4 अन्य महिलाओं पर रास्ता रोकने, मारपीट करने और वाहन में तोड़फोड़ करने के आरोप लगाए गए हैं।
रीको थानाधिकारी चैनप्रकाश ने बताया कि पीड़ित की रिपोर्ट के आधार पर आरोपियों के खिलाफ मारपीट, रास्ता रोकने और वाहन को नुकसान पहुंचाने संबंधी धाराओं में मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस की टीम घटनास्थल का मौका मुआयना कर चुकी है और पूरे मामले की बारीकी से जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर दोषियों के खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

Long or Short, get news the way you like. No ads. No redirections. Download Newspin and Stay Alert, The CSR Journal Mobile app, for fast, crisp, clean updates!

App Store –  https://apps.apple.com/in/app/newspin/id6746449540 

Google Play Store – https://play.google.com/store/apps/details?id=com.inventifweb.newspin&pcampaignid=web_share

Latest News

Popular Videos