सीआरपीएफ के डीजी का जवानों को संदेश, ‘देशहित में निडर होकर करें ड्यूटी’

The CSR Journal Magazine
हाल ही में नीट पेपर लीक के खिलाफ संसद मार्च के दौरान पैलेट गन के इस्तेमाल को लेकर विवाद छिड़ गया है। इसी के बीच, सीआरपीएफ के डायरेक्टर जनरल जीपी सिंह ने जवानों से कहा है कि वे देशहित में निडर होकर अपनी ड्यूटी निभाते रहें। उन्होंने हर जिम्मेदारी और जवाबदेही लेने की बात कही। यह बयान रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) के जवानों के लिए मनोबल बढ़ाने के एक प्रयास के रूप में देखा जा रहा है। सोमवार को सीआरपीएफ का स्थापना दिवस था, इसी मौके पर आयोजित सम्मान समारोह में यह संदेश दिया गया।

जिम्मेदारियों के प्रति भरोसा दिलाया

जीपी सिंह ने यह भी कहा कि, “मैं आपमें से प्रत्येक को भरोसा दिलाना चाहता हूं कि आप जो भी निर्णय लेते हैं, जो जनहित और राष्ट्रहित में हैं, मैं उनकी जिम्मेदारी लूंगा।” यह बयान ऐसे समय में आया है जब प्रदर्शनकारियों को नियंत्रित करने के दौरान कई जवानों को पैलेट गन के इस्तेमाल के लिए आलोचना का सामना करना पड़ रहा है।

पुलिस कार्रवाई में घायल प्रदर्शनकारी

20 जुलाई को हुए इस प्रदर्शन में कई लोग घायल हुए थे, और पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई को लेकर विवाद उत्पन्न हो गया। कुछ प्रदर्शनकारियों पर पैलेट गन का इस्तेमाल विवाद का मुख्य कारण बन गया है। सीआरपीएफ ने इस घटना की आंतरिक जांच की है, जिसमें सभी मानक संचालन प्रक्रियाओं का पालन किया गया है यह सामने आया।

सीआरपीएफ का आंतरिक जांच रिपोर्ट

सूत्रों के अनुसार, इस मामले में कोई भी केस रैपिड एक्शन फोर्स के खिलाफ नहीं बन सकेगा, क्योंकि जांच में पाया गया है कि सभी नियमों का पालन किया गया था। एक अधिकारी का कहना है कि अगर कोई मामला दर्ज भी होता है, तो इसकी स्वीकृति सीआरपीएफ के डीजी से लेनी होगी, जो अधिकारियों को वाजिब सुरक्षा उपाय करने के लिए सहमति नहीं दे सकते हैं।

पैलेट गन का उपयोग केवल अंतिम उपाय

सीआरपीएफ की जांच के अनुसार, जब सभी हल्के उपाय जैसे लाठीचार्ज और आंसू गैस के गोले नाकाम हो गए, तब पैलेट गन का इस्तेमाल किया गया। इससे पहले, स्थिति को संभालने के लिए कई चेतावनियाँ दी गई थीं। इस मामले में, दिल्ली पुलिस के अधिकारियों से लिखित आदेश भी लिया गया था।

ड्यूटी के प्रति निष्ठा की सलाह

डीजी जीपी सिंह द्वारा दिए गए संदेश का उद्देश्य जवानों को हिम्मत देना और उन्हें उनकी ड्यूटी को निडरता से निभाने के लिए प्रेरित करना है। जवानों को यह स्पष्ट कर दिया गया है कि वे जो भी कदम उठाएंगे, उसके लिए शीर्ष नेतृत्व जिम्मेदारी लेगा। इस तरह का समर्थन लोगों में विश्वास जगाएगा और जवानों की मनोबल को बढ़ाएगा।

Long or Short, get news the way you like. No ads. No redirections. Download Newspin and Stay Alert, The CSR Journal Mobile app, for fast, crisp, clean updates!

App Store –  https://apps.apple.com/in/app/newspin/id6746449540 

Google Play Store – https://play.google.com/store/apps/details?id=com.inventifweb.newspin&pcampaignid=web_share

Latest News

Popular Videos