कैलोरी के मेन्यू पर होने से ग्राहकों ने कम खाया, ICMR का अध्ययन दावा

The CSR Journal Magazine
बाहर खाने पर मेन्यू में कैलोरी की जानकारी देने से ग्राहकों के खाने के चुनाव पर सकारात्मक असर पड़ा है। ICMR से जुड़े शोधकर्ताओं ने एक रैंडमाइज्ड कंट्रोल्ड ट्रायल में 2,462 वयस्क ग्राहकों का अध्ययन किया। जब मेन्यू पर पोषण संबंधी जानकारी दी गई, तो कई ग्राहकों ने 10% से 12% तक कम कैलोरी वाला खाना चुना। इस अध्ययन में 63% प्रतिभागियों ने माना कि मेन्यू पर दी गई जानकारी ने उनके विकल्पों पर असर डाला। यह अध्ययन ICMR-नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ एपिडेमियोलॉजी, चेन्नई द्वारा संचालित किया गया था।

रिसर्च की विधि

शोधकर्ताओं ने दक्षिण भारत के एक बड़े शहर में दो रेस्तरां के ग्राहकों को अध्ययन में शामिल किया। उन्होंने तीन अलग-अलग तरीकों से न्यूट्रिशन लेबलिंग वाले मेन्यू प्रदान किए। पहले तरीके में खाने की कैलोरी सीधे बताई गई, दूसरे में पोषक तत्वों की जानकारी दी गई, और तीसरे में कैलोरी का संदर्भ प्रस्तुत किया गया। इसके बाद, ग्राहकों द्वारा चुने गए भोजन की तुलना सामान्य मेन्यू से की गई। इस तरीके से ग्राहकों ने 12% कम कैलोरी वाला खाना चुना।

कैलोरी और फैट का चुनाव

शोध में कैलोरी के साथ फैट, शुगर और नमक के चुनाव का भी अध्ययन किया गया। इंटरप्रेटेशनल लेबलिंग वाले मेन्यू से चुने गए भोजन में फैट का चुनाव करीब 6% कम पाया गया। हालांकि, अतिरिक्त शुगर और नमक के चयन में कोई महत्वपूर्ण कमी नहीं देखी गई। यह दर्शाता है कि मेन्यू पर केवल कैलोरी की जानकारी देना ही नहीं, बल्कि इसे समझने योग्य बनाना भी आवश्यक है।

ग्राहकों की समझदारी

शोध में प्रतिभागियों से पूछा गया कि क्या मेन्यू पर दी गई पोषण संबंधी जानकारी उन्हें समझ में आई। लगभग 87% लोगों ने कहा कि ये लेबल समझने योग्य थे। 63% लोगों ने माना कि इन जानकारियों ने उनके खाने के चुनाव को प्रभावित किया। यह आंकड़ा यह साबित करता है कि जब उपभोक्ताओं को सही जानकारी मिलती है, तो वे अपने स्वास्थ्य के प्रति अधिक सजग हो जाते हैं।

भविष्य की संभावनाएं

यह अध्ययन वर्तमान में भारतीय खाद्य अधिकारों और स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए बहुत महत्वपूर्ण साबित हो सकता है। यदि रेस्तरां में ऐसी विधियों को अपनाया जाए, तो यह लोगों के खान-पान के चुनाव पर सकारात्मक असर डाल सकता है। इससे न केवल ग्राहक अपने भोजन के प्रति सजग होंगे, बल्कि यह देशभर में मोटापे और स्वास्थ्य संबंधी बीमारियों में कमी लाने में सहायता कर सकता है।

Long or Short, get news the way you like. No ads. No redirections. Download Newspin and Stay Alert, The CSR Journal Mobile app, for fast, crisp, clean updates!

App Store –  https://apps.apple.com/in/app/newspin/id6746449540 

Google Play Store – https://play.google.com/store/apps/details?id=com.inventifweb.newspin&pcampaignid=web_share

Latest News

Popular Videos