टीवी शो ‘अनुपमा’ से हर घर में पहचान बनाने वाली एक्ट्रेस रुपाली गांगुली ने हाल ही में मुंबई में आयोजित ‘फिक्की फ्रेम्स 2026’ इवेंट में अपनी भावनाओं का इजहार किया। उन्होंने अपने दिवंगत पिता, मशहूर फिल्ममेकर अनिल गांगुली को याद करते हुए आंसू बहाए। रुपाली ने बताया कि उनके पिता का सबसे बड़ा सपना मुंबई में अपना घर खरीदना था।
कठिनाइयों का सामना करने वाली रुपाली
रुपाली ने अपने बचपन के कठिन समय के बारे में खुलकर बताया। उन्होंने अपने पिता के बारे में कहा कि वे एक समय के बहुत बड़े डायरेक्टर थे, लेकिन बाद में आर्थिक समस्याओं के कारण उन्हें किराए पर रहना पड़ा। रुपाली ने कहा कि वे एक टिपिकल नेपो किड थीं, लेकिन उनके पिता का एक ही सपना था – मुंबई में अपना घर होना। ‘अनुपमा’ शो की सफलता के बाद, उन्होंने वर्ली में अपना पहला घर खरीदा, जो उनके पिता के सपने को पूरा करने जैसा था।
अनिल गांगुली का सिनेमाई करियर
अनिल गांगुली हिंदी सिनेमा के प्रसिद्ध डायरेक्टर और स्क्रीनराइटर थे। उन्होंने ‘कोरा कागज़’, ‘तपस्या’, और ‘साहेब’ जैसी सुपरहिट फिल्में बनाई थीं। उन्हें नेशनल अवॉर्ड से भी नवाज़ा गया था। 2016 में 82 वर्ष की आयु में उनका निधन हुआ। रुपाली ने कहा कि उन्होंने अपने पिता के नाम का सहारा नहीं लिया, बल्कि खुद की मेहनत से इंडस्ट्री में स्थान बनाया। यही वजह है कि उन्होंने कभी हार नहीं मानी।
स्ट्रगल का अनछुआ सच
इवेंट में अनुपमा शो के प्रोड्यूसर राजन शाही ने भी रुपाली के शुरुआती स्ट्रगल का एक दिलचस्प किस्सा साझा किया। उन्होंने बताया कि रुपाली को अनुपमा के रोल के लिए तीन बार ऑडिशन देना पड़ा। पहले ऑडिशन में उन्हें रिजेक्ट कर दिया गया, लेकिन उन्होंने एक और मौका मांगा। राजन शाही ने कहा कि उस वक्त रुपाली के पास बस का किराया तक नहीं होता था। वह पैसे बचाने के लिए वर्ली से पैदल ही ऑडिशन देने जाती थीं। उन्हें देख कर आज राजन शाही को गर्व महसूस होता है।
सपनों की उड़ान और कामयाबी
रुपाली गांगुली की कहानी एक ऐसे संघर्ष की कथा है, जिसमें हिम्मत और मेहनत से अपार सफलता पाई गई। ‘अनुपमा’ शो ने न केवल उन्हें पहचान दिलाई, बल्कि उनके परिवार की आर्थिक स्थिति में भी सुधार किया। अब रुपाली न केवल एक सफल एक्ट्रेस हैं, बल्कि उन्होंने अपने पिता के अधूरे सपनों को पूरा करने का काम भी किया।
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