जामनगर, गुजरात से एक बड़ी और सकारात्मक खबर सामने आई है। Vantara ने अपने स्थापना दिवस पर एक साल की उपलब्धियों का लेखा-जोखा पेश किया। एक साल पहले इस परियोजना का उद्घाटन Narendra Modi ने किया था। इस दौरान हजारों बीमार और घायल वन्यजीवों का इलाज कर उन्हें दोबारा स्वस्थ बनाया गया और कई जानवरों को प्राकृतिक आवास में वापस छोड़ा गया।
वन्यजीव संरक्षण में एक साल का बड़ा काम
Vantara की स्थापना Anant Ambani ने की थी, जिसका मकसद Science-Led Conservation और Advanced Veterinary Care के जरिए वन्यजीवों को नया जीवन देना है। पिछले एक साल में बाघ, तेंदुआ जैसे Big Cats, हाथी, मगरमच्छ, सरीसृप, पक्षी और अन्य स्तनधारियों का रेस्क्यू कर उनका इलाज किया गया। संस्था की Veterinary Teams ने कई जटिल सर्जरी (Complex Surgeries) कीं और स्वस्थ होने के बाद कई जानवरों को फिर से जंगल में छोड़ा गया। खास बात यह रही कि 53 चीतल (Spotted Deer) को Barda Wildlife Sanctuary में गुजरात वन विभाग के सहयोग से छोड़ा गया।
250 से अधिक हाथियों को मिला सहारा
संस्था ने 250 से अधिक हाथियों को दीर्घकालिक देखभाल दी, जिन्हें लकड़ी ढुलाई, सर्कस, सवारी और भीख मांगने जैसे शोषणकारी हालात से बचाया गया था। कई हाथी गठिया (Arthritis) और उम्र से जुड़ी बीमारियों से पीड़ित थे। इसके अलावा हजारों मगरमच्छों को भी भीड़भाड़ वाली जगहों से बचाकर सुरक्षित स्थान दिया गया।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान
पहले ही साल में अनंत अंबानी को Global Humane Award से सम्मानित किया गया। Vantara को Global Humane Conservation Certification, EARAZA और SEAZA जैसी अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं की सदस्यता भी मिली। साथ ही Prani Mitra Award 2025 से भी नवाजा गया।
विज्ञान और ‘One Health’ मॉडल पर जोर
Vantara को पश्चिम क्षेत्र के लिए National Referral Centre for Wildlife घोषित किया गया है। यहां एक अत्याधुनिक Scientific Laboratory और 11 सैटेलाइट लैब्स काम कर रही हैं। रोजाना 2,000 से ज्यादा डायग्नोस्टिक सैंपल प्रोसेस किए जाते हैं। Bio-Banking, Next-Generation Sequencing और Molecular Diagnostics जैसी आधुनिक तकनीकों का इस्तेमाल किया जा रहा है।
पोषण और रेस्क्यू सिस्टम भी मजबूत
संस्था रोजाना 1,56,000 किलोग्राम उच्च गुणवत्ता वाला पशु आहार तैयार करती है, जिसे 50 Temperature-Controlled वाहनों के जरिए पहुंचाया जाता है। 200 विशेषज्ञों की टीम और 1,000 से अधिक किसान इस काम में जुड़े हैं। 200 सदस्यीय राउंड-द-क्लॉक रेस्क्यू टीम ने 50 अंतरराष्ट्रीय और 15 राष्ट्रीय Rescue Operations में हिस्सा लिया।
Vantara Foundation Day: मानवीय संकट में भी मदद
पंजाब में आई भीषण बाढ़ के दौरान Vantara ने राहत और बचाव कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाई। इस दौरान हजारों जानवरों को सुरक्षित किया गया और 10 लाख से अधिक लोगों को सहायता पहुंचाई गई। एक साल में Vantara ने यह साबित किया है कि Wildlife Conservation केवल जानवरों की सुरक्षा नहीं, बल्कि पर्यावरण और मानव जीवन के संतुलन से भी जुड़ा है। संस्था का लक्ष्य है कि Rescue, Research और Rewilding के जरिए भारत और दुनिया को एक Sustainable Future की ओर ले जाया जाए।
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