app-store-logo
play-store-logo
March 4, 2026

UP Fisheries Investment: मत्स्य क्षेत्र में 1400 करोड़ से ज्यादा का निवेश, 30 कंपनियां करेंगी एंट्री, 2000 युवाओं को मिलेगा रोजगार

The CSR Journal Magazine
उत्तर प्रदेश में अब मत्स्य क्षेत्र (Fisheries Sector UP) भी रोजगार और निवेश का बड़ा इंजन बनने जा रहा है। योगी सरकार के प्रयासों से राज्य में 30 कंपनियां कुल 1407 करोड़ रुपये से अधिक का निवेश करने जा रही हैं। इससे प्रदेश के दो हजार से ज्यादा युवाओं को सीधे रोजगार के अवसर मिलेंगे। लखनऊ में आयोजित मीन महोत्सव और मत्स्य निवेश शिखर सम्मेलन (Fisheries Investment Summit) के जरिए मिले इन निवेश प्रस्तावों ने यूपी को अन्य राज्यों के लिए भी एक मॉडल के रूप में स्थापित किया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में मत्स्य विकास को नई दिशा देने की तैयारी तेज हो गई है।

मीन महोत्सव से मिले 1200 करोड़ के प्रस्ताव

27-28 फरवरी को आयोजित मीन महोत्सव में उत्तर प्रदेश मत्स्य विभाग को करीब 1200 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए। इससे पहले दिसंबर 2025 में हुए मत्स्य निवेश शिखर सम्मेलन में 207 करोड़ रुपये के प्रस्ताव मिले थे। इन प्रस्तावों के अनुसार, कई बड़ी कंपनियां वाराणसी, बाराबंकी, अमेठी और अन्य जिलों में निवेश करेंगी। इससे न केवल Fish Processing और Fish Feed उद्योग को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।

वाराणसी में 300 करोड़ का बड़ा निवेश

औरो सुंदरम फूड्स एंड फीड्स प्राइवेट लिमिटेड वाराणसी में 300 करोड़ रुपये का निवेश करेगी। इसके अलावा गोदरेज एग्रोवेट लिमिटेड, प्रोबस स्मार्ट थिंक्स प्राइवेट लिमिटेड और नेक्सजेन फीड्स प्राइवेट लिमिटेड जैसी कंपनियां 200-200 करोड़ रुपये का निवेश करेंगी। बाराबंकी में दीपक नेक्सजेन फीड्स प्राइवेट लिमिटेड 100 करोड़ रुपये का फिश फीड प्लांट लगाएगी। इस परियोजना से करीब 300 युवाओं को रोजगार मिलेगा और इसे 2027 तक पूरा करने का लक्ष्य है।

आंध्र प्रदेश की कंपनी लगाएगी फिश प्रोसेसिंग प्लांट

आंध्र प्रदेश की नेक्सजेन फीड्स प्राइवेट लिमिटेड उत्तर प्रदेश में 200 करोड़ रुपये का Fish Processing Plant स्थापित करेगी। कंपनी के निदेशक दीपक श्रीनिवास ने यूपी के औद्योगिक माहौल की सराहना की और बताया कि प्लांट में 150 से अधिक युवाओं को रोजगार मिलेगा। यह परियोजना 2028 तक तैयार होने की संभावना है। मत्स्य विभाग की महानिदेशक धनलक्ष्मी के. के अनुसार, इन सभी निवेश प्रस्तावों को जल्द धरातल पर उतारने की तैयारी शुरू हो चुकी है।

विजन 2047 की दिशा में कदम

मत्स्य विभाग का कहना है कि यह पहल “Blue Economy Growth” को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। पहली बार 5000 से अधिक मत्स्य किसान, उद्यमी और वैज्ञानिक एक मंच पर एकत्र हुए। सरकार का लक्ष्य है कि Vision 2047 के तहत मत्स्य उत्पादन, प्रसंस्करण और निर्यात को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया जाए। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में स्थायी रोजगार के अवसर पैदा होंगे और राज्य की अर्थव्यवस्था को नई गति मिलेगी।

रोजगार और आय के नए अवसर

इन निवेशों के माध्यम से लगभग 2000 से अधिक युवाओं को सीधे रोजगार मिलने का अनुमान है। साथ ही, परिवहन, पैकेजिंग, कोल्ड स्टोरेज और सप्लाई चेन से जुड़े सहायक क्षेत्रों को भी फायदा होगा। Fisheries Investment in UP अब केवल उत्पादन तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि वैल्यू एडिशन और निर्यात के जरिए आय के नए स्रोत तैयार करेगा।
Long or Short, get news the way you like. No ads. No redirections. Download Newspin and Stay Alert, The CSR Journal Mobile app, for fast, crisp, clean updates!
App Store –  https://apps.apple.com/in/app/newspin/id6746449540
Google Play Store – https://play.google.com/store/apps/details?id=com.inventifweb.newspin&pcampaignid=web_share

Latest News

Popular Videos