महाराष्ट्र सरकार ने फुटबॉल में भविष्य के अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों को तैयार करने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने प्रोजेक्ट महादेवा (Project Mahadeva) लांच किया है। इस दौरान सीएम ने कहा कि इस प्रोजेक्ट महादेवा से निश्चित रूप से ऐसे प्रतिभावान खिलाड़ी निकलेंगे, जो 2034 के Football World Cup में भारत का नाम रोशन कर सकते हैं। यह परियोजना Mission Olympic 2026 के तहत राज्य में खेल प्रतिभा को निखारने के उद्देश्य से शुरू की गई है। वानखेड़े स्टेडियम में आयोजित भव्य कार्यक्रम में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और विश्व प्रसिद्ध फुटबॉल खिलाड़ी Lionel Messi के हाथों प्रोजेक्ट महादेवा का शुभारंभ हुआ। इस मौके पर खेल, सिनेमा और उद्योग जगत की कई बड़ी हस्तियां मौजूद रहीं।
Project Mahadeva के तहत अंडर-13 Football खिलाड़ियों पर खास फोकस
मुख्यमंत्री फडणवीस ने बताया कि यह प्रोजेक्ट पूरे महाराष्ट्र में 13 वर्ष से कम उम्र के प्रतिभावान फुटबॉल खिलाड़ियों की पहचान कर उन्हें विश्व स्तरीय प्रशिक्षण देने के लिए शुरू किया गया है। पहले चरण में राज्य से चुने गए 60 खिलाड़ी (30 लड़के और 30 लड़कियां) इस योजना का हिस्सा होंगे। इन खिलाड़ियों को पांच साल की पूरी Residential Scholarship, विदेशी कोचों से प्रशिक्षण और सर्वांगीण विकास का अवसर मिलेगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि आने वाले वर्षों में यही खिलाड़ी FIFA World Cup जैसे बड़े मंचों पर भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे।
वानखेड़े में मेसी का भव्य स्वागत
जैसे ही लियोनेल मेसी मैदान में पहुंचे, पूरा वानखेड़े स्टेडियम उनके नाम से गूंज उठा। दर्शकों ने मेस्सी-मेस्सी के नारों से माहौल को यादगार बना दिया। इस दौरान भारत रत्न Sachin Tendulkar and Lionel Messi ने मेसी को अपने नाम वाली नंबर 10 की जर्सी भेंट की, जबकि मेसी ने सचिन को फुटबॉल उपहार में दिया। यह पल खेल प्रेमियों के लिए बेहद भावुक और ऐतिहासिक रहा। सचिन तेंडुलकर ने कहा कि किसी भी खिलाड़ी के लिए दर्शकों का समर्थन सबसे बड़ी ताकत होता है। उन्होंने 2011 क्रिकेट विश्वचषक की यादें साझा करते हुए कहा कि खेल में जिद, मेहनत और संवेदनशीलता बहुत जरूरी है, जो मेसी जैसे महान खिलाड़ी में साफ नजर आती है।
मजबूत साझेदारी से बनेगा फुटबॉल इकोसिस्टम
MITRA, VSTF, WIFA, CIDCO और महाराष्ट्र सरकार के खेल विभाग के सहयोग से यह प्रोजेक्ट राज्य में एक मजबूत और टिकाऊ Football Development System खड़ा करेगा। इस अवसर पर जिंदल ग्रुप और महिंद्रा एंड महिंद्रा की ओर से प्रोजेक्ट महादेवा के लिए आर्थिक सहयोग भी दिया गया। कुल मिलाकर, ‘प्रोजेक्ट महादेवा’ महाराष्ट्र ही नहीं, बल्कि भारतीय फुटबॉल के भविष्य के लिए एक मजबूत नींव साबित हो सकता है।
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