मुंबई पुलिसकर्मियों की आवास समस्या के समाधान की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए महाराष्ट्र सरकार ने मुंबई पुलिस हाउसिंग टाउनशिप परियोजना को हरी झंडी दे दी है और वरिष्ठ सेवानिवृत्त IAS अधिकारी इकबाल सिंह चहल को राज्य मंत्री दर्जे के साथ इसका चेयरमैन नियुक्त किया है। इस महत्वाकांक्षी योजना के तहत चरणबद्ध तरीके से 40 हजार तक आवास इकाइयों का निर्माण किया जाएगा, जिससे रोजाना 80–100 किलोमीटर दूर से सफर कर ड्यूटी पर आने वाले हजारों पुलिसकर्मियों को राहत मिलेगी और मुंबई की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
मुंबई पुलिस हाउसिंग टाउनशिप प्रोजेक्ट: क्या है योजना!
महाराष्ट्र सरकार ने मुंबई पुलिसकर्मियों की वर्षों पुरानी आवास समस्या के समाधान के लिए एक बड़ी और महत्वाकांक्षी योजना को मंजूरी दी है। इसी कड़ी में राज्य सरकार ने वरिष्ठ सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी इकबाल सिंह चहल (आईएस चहल) को मुंबई पुलिस हाउसिंग टाउनशिप प्रोजेक्ट का चेयरमैन नियुक्त किया है। यह पद राज्य मंत्री (MoS) रैंक का होगा और उनकी नियुक्ति पांच साल के लिए की गई है।
यह परियोजना मुंबई पुलिस के जवानों और अधिकारियों को सस्ते, सुरक्षित और कार्यस्थल के नजदीक आवास उपलब्ध कराने के उद्देश्य से शुरू की गई है। इस योजना के तहत चरणबद्ध तरीके से करीब 40,000 नए आवास बनाए जाएंगे। पहले चरण में मुंबई के अलग-अलग इलाकों में मौजूद करीब 75 भूखंडों पर लगभग 5,000 नए घर बनाए जाएंगे। ये घर पुलिस सब-इंस्पेक्टर से लेकर पुलिस इंस्पेक्टर स्तर और कुछ वरिष्ठ अधिकारियों के लिए होंगे। भविष्य में इस परियोजना को विस्तार देकर कुल 40,000 आवास इकाइयों तक ले जाने का लक्ष्य है।
परियोजना की लागत और फंडिंग
यह प्रोजेक्ट मुंबई और उसके उपनगरों में लगभग 5 करोड़ वर्ग फुट जमीन पर विकसित किया जाएगा।
• कुल अनुमानित लागत: लगभग 20,000 करोड़ रुपये!
• राज्य सरकार का योगदान: 30 प्रतिशत!
• बाकी 70 प्रतिशत राशि महाराष्ट्र स्टेट इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉरपोरेशन (MSIDC) द्वारा विभिन्न वित्तीय संस्थानों से लोन के रूप में जुटाई जाएगी।
क्यूं पड़ी इस परियोजना की जरूरत ?
सरकारी प्रस्ताव (GR) के अनुसार, मुंबई जैसे महानगर में पुलिसकर्मियों का अपने कार्यस्थल के पास रहना बेहद जरूरी है, खासकर-
• आपात स्थितियों,
• प्राकृतिक आपदाओं,
• बड़े सार्वजनिक आयोजनों,
• कानून-व्यवस्था से जुड़े मामलों में! फिलहाल 50 प्रतिशत से अधिक मुंबई पुलिसकर्मी विरार, पालघर, पनवेल, कर्जत जैसे इलाकों से रोज 80–100 किलोमीटर की दूरी तय कर ड्यूटी पर आते हैं।
इससे न सिर्फ समय और ऊर्जा की बर्बादी होती है, बल्कि पुलिस की कार्य क्षमता और मनोबल पर भी असर पड़ता है।
मुंबई पुलिस की मौजूदा आवास स्थिति
• कुल पुलिस बल: 51,308 कर्मी!
• कार्यरत इकाइयां: 94 पुलिस स्टेशन, 5 सशस्त्र इकाइयां और कई विशेष शाखाएं!
लेकिन उपलब्ध सरकारी आवास सिर्फ 19,762 हैं । इनमें से अधिकांश मकान बहुत पुराने, तंग और कई जगहों पर जर्जर व असुरक्षित स्थिति में हैं
आईएस चहल की भूमिका
सरकार के अनुसार, यह परियोजना बड़े पैमाने की योजना और मास्टर प्लानिंग, भूमि उपयोग और समन्वय, कई सरकारी विभागों के साथ तालमेल, वित्तीय प्रबंधन और समयबद्ध क्रियान्वयन से जुड़ी है। इसी को देखते हुए सरकार ने उच्च प्रशासनिक अनुभव वाले सेवानिवृत्त अधिकारी आईएस चहल को इस परियोजना का चेयरमैन बनाया है। उनकी जिम्मेदारियां होंगी परियोजना को रणनीतिक दिशा देना, निगरानी, सभी एजेंसियों के बीच तालमेल बनाना और यह सुनिश्चित करना कि योजना समय पर और सफलतापूर्वक पूरी हो ।
इकबाल सिंह चहल भारत के एक वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी हैं, जिन्होंने भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS)में 1989 बैच के अधिकारी के रूप में महाराष्ट्र कैडर से सेवा की है। वे अपने प्रशासनिक करियर में कई अहम पदों पर रहे हैं और अब सेवानिवृत्त होकर मुंबई पुलिस हाउसिंग टाउनशिप प्रोजेक्ट के चेयरमैन पद पर नियुक्त किए गए हैं, जो राज्य मंत्री (MoS) रैंक का पद है। वे 1989 बैच के IAS अधिकारी हैं। उन्होंने बृहन्मुम्बई महानगरपालिका (BMC) के कमिश्नर के रूप में भी कार्य किया, जहां उन्होंने COVID-19 महामारी के दौरान “मुंबई मॉडल” के तहत महामारी प्रबंधन में अहम भूमिका निभाई और दावा किया गया कि उनके नेतृत्व में कोविड प्रतिक्रिया रणनीतियां सफल रहीं। वे महाराष्ट्र सरकार में अतिरिक्त मुख्य सचिव (Home) जैसे उच्च पद पर भी रहे हैं।
प्रमुख उपलब्धियां और नई ज़िम्मेदारी
महामारी के दौरान मुंबई में कोविड प्रबंधन के लिए उन्हें सराहना मिली। राज्य और केंद्र सरकार दोनों में विभिन्न विभागों में उनकी प्रशासनिक भूमिका रही। चहल 31 जनवरी 2026 को सेवा से सेवानिवृत्त होंगे और 1 फरवरी 2026 से पांच वर्ष के लिए मुंबई पुलिस हाउसिंग टाउनशिप प्रोजेक्ट के चेयरमैन के रूप में कार्यभार संभालेंगे। इस पद के साथ उन्हें राज्य मंत्री (MoS) के समान दर्जा मिलेगा।
सरकारी सेवकों की सुविधा पर सरकार की नज़र
मुंबई पुलिस हाउसिंग टाउनशिप प्रोजेक्ट न सिर्फ एक आवास योजना है, बल्कि यह मुंबई पुलिस के मनोबल, कार्यक्षमता और शहर की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है। आईएस चहल की नियुक्ति से सरकार को उम्मीद है कि यह महत्वाकांक्षी परियोजना तय समय में जमीन पर उतर सकेगी और हजारों पुलिस परिवारों को राहत मिलेगी।
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