उत्तर प्रदेश की योगी सरकार द्वारा स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने का वादा अब जमीन पर साफ नजर आने लगा है। आगरा का एसएन मेडिकल कॉलेज, जो कभी संसाधनों की कमी और लंबी कतारों के कारण चर्चा में रहता था, आज हृदय रोगियों के लिए एक ‘लाइफलाइन’ बनकर उभरा है। सुपर स्पेशलिटी ब्लॉक के कार्डियोलॉजी विभाग ने पिछले 10 महीनों में 850 से अधिक एंजियोग्राफी (Angiography), एंजिओप्लास्टी (Angioplasty), पेसमेकर और अन्य जटिल प्रक्रियाएं कर एक नया रिकॉर्ड बनाया है। यह उपलब्धि न सिर्फ मेडिकल कॉलेज की क्षमता को दिखाती है, बल्कि सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था में लोगों का भरोसा भी मजबूत करती है।
अत्याधुनिक मशीनें और विशेषज्ञ टीम ने बदली तस्वीर
एसएन मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. प्रशांत गुप्ता बताते हैं कि योगी सरकार के निर्देश पर सुपर स्पेशलिटी ब्लॉक को अत्याधुनिक कैथ लैब और आधुनिक उपकरणों से सुसज्जित किया गया है। विभाग में स्थापित फिलिप्स कंपनी की ‘Azurion 7M’ मशीन उत्तर प्रदेश के किसी सरकारी मेडिकल कॉलेज में पहली बार लगी है। इस तकनीक से डॉक्टर बेहद जटिल स्टेंटिंग और अन्य प्रक्रियाएं भी सफलता से कर पा रहे हैं। कार्डियोलॉजी विभागाध्यक्ष डॉ. बसंत गुप्ता का कहना है कि “असाध्य रोग योजना” और “आयुष्मान भारत” के तहत पात्र मरीजों को इलाज बिल्कुल मुफ्त मिल रहा है। वहीं, बाकी मरीजों के लिए भी खर्च निजी अस्पतालों की तुलना में बेहद कम है। यही वजह है कि गरीब और मध्यम वर्गीय परिवार अब सरकारी अस्पतालों को प्राथमिकता दे रहे हैं।
इलाज हुआ आसान, मरीजों को नई उम्मीद
दिल के मरीज विनोद परमार बताते हैं कि प्राइवेट अस्पतालों में लाखों का खर्च बताया गया था, लेकिन एसएनएमसी में असाध्य रोग योजना के तहत मेरा इलाज मुफ्त शुरू हो गया। यह हमारे जैसे गरीबों के लिए किसी वरदान से कम नहीं। एक अन्य मरीज हनीफ, जिनकी यहां स्टेंटिंग सफलतापूर्वक हुई, कहते हैं कि मैंने सोचा था कि दिल्ली जाना पड़ेगा, लेकिन यहां तुरंत और बेहतरीन इलाज मिला। अब मैं पूरी तरह स्वस्थ हूं। यह अस्पताल हमारे लिए सचमुच संजीवनी है।
पश्चिमी यूपी के लिए बन रहा प्रमुख हृदय रोग केंद्र
एसएन मेडिकल कॉलेज का कार्डियोलॉजी विभाग अब सिर्फ आगरा ही नहीं, बल्कि मथुरा, फिरोजाबाद, एटा और यहां तक कि पड़ोसी राज्यों से आने वाले मरीजों के लिए भी बड़ी उम्मीद बन चुका है। लगातार बढ़ती ओपीडी और जटिल मामलों के सफल इलाज ने इस सरकारी अस्पताल को पश्चिमी यूपी के प्रमुख हृदय उपचार केंद्र के रूप में स्थापित कर दिया है। योगी सरकार का स्पष्ट लक्ष्य है कि आर्थिक तंगी के कारण कोई भी हृदय रोगी इलाज से वंचित न रहे। आधुनिक सुविधाओं, नई तकनीक और प्रशिक्षित विशेषज्ञ टीम के सहारे एसएन मेडिकल कॉलेज, आगरा अब करोड़ों रुपये वाले इलाज को बेहद कम खर्च में उपलब्ध करा रहा है। यह उपलब्धि साबित करती है कि सरकारी स्वास्थ्य तंत्र में सुधार सिर्फ कागजों में नहीं, बल्कि जमीन पर लोगों की जान बचाकर दिख रहा है।
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