app-store-logo
play-store-logo
February 23, 2026

Bihar Road: ऐप से ग्रामीण सड़कों की रियल-टाइम निगरानी, लापरवाही पर ठेकेदार होंगे ब्लैकलिस्ट

The CSR Journal Magazine
बिहार में ग्रामीण सड़कों के निर्माण और रखरखाव को लेकर सरकार ने निगरानी तंत्र को हाईटेक बना दिया है। ग्रामीण कार्य विभाग, बिहार ने पंचवर्षीय अनुरक्षण अवधि के तहत आने वाली सड़कों और पुल-पुलियों की रियल-टाइम मॉनिटरिंग के लिए ‘बिहार रूरल रोड रूटीन मेंटेनेंस सिस्टम’ (BRRMS) मोबाइल ऐप विकसित किया है। यह ऐप सड़कों की गुणवत्ता की वैज्ञानिक जांच और ठेकेदारों की जवाबदेही तय करने में अहम भूमिका निभा रहा है। विभाग ने रखरखाव में लापरवाही बरतने वाले संवेदकों के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति अपनाई है।

जियो-टैगिंग से सटीक निरीक्षण

नई व्यवस्था के तहत दो किलोमीटर तक लंबी सड़कों में हर 200 मीटर और दो किलोमीटर से अधिक लंबी सड़कों में हर 500 मीटर पर निरीक्षण बिंदु तय किए गए हैं। संबंधित अधिकारी को मौके पर जाकर जियो-टैग तस्वीरें ऐप पर अपलोड करनी होती हैं। सड़क की गुणवत्ता का मूल्यांकन 24 मानकों पर किया जाता है, जिनमें गड्ढे, दरारें, किनारों की क्षति और सतह की स्थिति शामिल है। जांच के बाद सड़कों को तीन श्रेणियों संतोषजनक (S), संतोषजनक लेकिन सुधार योग्य (SRI) और असंतोषजनक (U) में वर्गीकृत किया जाता है।

अधिकारियों की तय जिम्मेदारी

निगरानी को मजबूत करने के लिए हर स्तर पर जिम्मेदारी तय की गई है।
कनीय अभियंता: 100% सड़कों का त्रैमासिक निरीक्षण
सहायक अभियंता: 50% सड़कों का निरीक्षण
कार्यपालक अभियंता: 10% सड़कों की जांच
अधीक्षण अभियंता: कम से कम 2% योजनाओं का निरीक्षण
इसके अलावा मुख्यालय स्तर से गठित फ्लाइंग स्क्वाड और वरीय अधिकारी भी औचक निरीक्षण कर रहे हैं। अब तक 1,09,831 निरीक्षण पूरे किए जा चुके हैं, जबकि फ्लाइंग स्क्वाड ने 92% लक्ष्य हासिल किया है।

लापरवाही पर सख्त कार्रवाई

यदि कोई सड़क ‘U’ या ‘SRI’ श्रेणी में पाई जाती है, तो संबंधित ठेकेदार को नोटिस जारी कर 15 दिनों (पुलों के लिए 21 दिन) में सुधार का निर्देश दिया जाता है। सुधार के बाद ऐप के जरिए दोबारा सत्यापन होता है। दोबारा भी स्थिति असंतोषजनक पाए जाने पर बिहार ठेकेदार निबंधन नियमावली-2007 के तहत एकरारनामा रद्द करने, ब्लैकलिस्ट या डिबार करने जैसी सख्त कार्रवाई की जाती है। विभाग का दावा है कि डिजिटल मॉनिटरिंग और जवाबदेही तय करने की इस व्यवस्था से बिहार के ग्रामीण इलाकों में सालभर सुगम और बारहमासी सड़क संपर्कता सुनिश्चित हो रही है।

Long or Short, get news the way you like. No ads. No redirections. Download Newspin and Stay Alert, The CSR Journal Mobile app, for fast, crisp, clean updates!

App Store –  https://apps.apple.com/in/app/newspin/id6746449540 

Google Play Store – https://play.google.com/store/apps/details?id=com.inventifweb.newspin&pcampaignid=web_share

Latest News

Popular Videos