हरियाणा में आज (12 फरवरी) 10 ट्रेड यूनियन ने एक दिन की हड़ताल का ऐलान किया है। इस हड़ताल के चलते सरकार भी प्रभावी कदम उठा रही है। मुख्य रूप से रोडवेज बसों का चक्का जाम टालने के लिए बस अड्डों पर धारा 163 लागू कर दी गई है। यह आदेश के तहत, किसी भी प्रकार से भीड़ को रोकने की कोशिश की जा रही है।
बिजली निगम में सख्त नियम लागू
हरियाणा विद्युत प्रसारण निगम (HVPN) ने नो वर्क- नो वेज का नियम भी लागू कर दिया है। इसका मतलब है कि 12 फरवरी को किसी भी कर्मचारी को छुट्टी नहीं दी जाएगी, सिवाय आपात स्थितियों के। केवल सक्षम अधिकारी ही इमरजेंसी में छुट्टी मंजूर कर सकते हैं। इस नियम के चलते कर्मचारियों की उपस्थिति को सुनिश्चित करने की कोशिश की जा रही है।
मिड डे मील वर्करों की भागीदारी से खटकी चिंता
हड़ताल में मिड डे मील वर्करों की भागीदारी की संभावनाओं को देखते हुए सरकारी स्कूलों में बच्चों को दोपहर का खाना मिलने में दिक्कत आ सकती है। प्रदेश में कुल 28 हजार मिड डे मील वर्कर 14 लाख बच्चों के लिए खाना तैयार करते हैं। यदि वर्कर हड़ताल में शामिल होते हैं, तो बच्चों को खाना नहीं मिल पाएगा।
यूनियनों की मांगे और विधिक अधिकार
ट्रेड यूनियनों का कहना है कि उनकी मांगों को सरकार द्वारा नजरअंदाज किया जा रहा है। यूनियन अध्यक्षों ने यह भी स्पष्ट किया है कि वे अपने अधिकारों के लिए लड़ रहे हैं, ताकि मजदूरों की स्थिति में सुधार किया जा सके। हड़ताल का उद्देश्य बेहतर श्रमिक अधिकारों के लिए जागरूकता फैलाना है।
हड़ताल का व्यापक असर
हड़ताल का असर रोडवेज बसों पर स्पष्ट दिखाई देगा। कई यात्रियों को यात्रा में दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है। इसके अलावा, सरकारी स्कूल के बच्चों के लिए मिड डे मील की व्यवस्था भी प्रभावित होने की आशंका है। हड़ताल को लेकर जनता की प्रतिक्रिया भी मिश्रित दिखाई दे रही है। कुछ लोग हड़ताल को मजदूरों के अधिकारों के लिए जरूरी मानते हैं, जबकि अन्य इसे असुविधा के तौर पर देखते हैं।
सरकार की तैयारी और जवाबी कदम
सरकार ने हड़ताल को देखते हुए अपने स्तर पर तैयारियाँ कर ली हैं। सुरक्षा बलों को तैनात किया गया है, ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय स्थिति से निपटा जा सके। प्रशासन ने लोगों को सलाह दी है कि वे सुरक्षित स्थानों पर रहें और धारा 163 का पालन करें। यह कदम हड़ताल के दौरान किसी भी प्रकार की सुरक्षा समस्याओं को टालने के लिए उठाया गया है।
यात्रियों को सलाह और दिशा-निर्देश
यात्रियों को सलाह दी जा रही है कि वे हड़ताल के चलते आवश्यक यात्रा योजनाओं को पहले से तय कर लें। कई जगहों पर परिवहन सेवाएं प्रभावित होंगी, इसलिए साहसिक यात्रा करने से बचें। अधिकारियों ने कहा है कि लोगों को तात्कालिक और आवश्यक काम के लिए ही यात्रा करनी चाहिए।