दिल्ली में, संसद की विदेश मामलों की स्टैंडिंग कमेटी की बैठक हुई, जिसमें शशि थरूर ने बताया कि इस बैठक में यूएस और ईयू के साथ ट्रेड डील को लेकर चर्चा की गई। थरूर ने कुछ महत्वपूर्ण बिंदुओं पर रोशनी डाली। उन्होंने यह भी कहा कि अमेरिका से 500 बिलियन डॉलर के इंपोर्ट का कोई औपचारिक कमिटमेंट नहीं है, लेकिन इस दिशा में काम करने की योजना है।
बैठक में क्या हुआ?
बैठक में कुल 17 से 18 सांसदों ने भाग लिया और विभिन्न विषयों पर सवाल उठाए। थरूर ने कहा कि सभी सदस्यों के सवालों का संतोषजनक जवाब दिया गया। इससे यह स्पष्ट हुआ कि अधिकारियों की तरफ से दी गई जानकारी सांसदों को मान्य थी। अमेरिका से मौजूदा 42 बिलियन डॉलर के इंपोर्ट को डबल करना लगभग संभव है।
इंपोर्ट और व्यापार की संभावनाएं
थरूर ने कहा कि मीटिंग में एयरोप्लेन के पार्ट्स, डेटा सर्वर और सेमीकंडक्टर जैसे उत्पादों पर भी चर्चा हुई। उनको उम्मीद है कि इनकी मदद से अमेरिका से इंपोर्ट को बढ़ाने में मदद मिलेगी। उनका कहना था कि अगले महीने के मध्य तक एक अंतरिम एग्रीमेंट फाइनलाइज किया जाएगा, जिसमें और चीजें भी शामिल होंगी।
बांग्लादेश का मुद्दा भी रहा चर्चा में
बैठक में बांग्लादेश के साथ संबंधों पर भी चर्चा हुई। थरूर ने कहा कि सरकार सभी पार्टियों के साथ संपर्क में है और बांग्लादेश को लेकर सकारात्मक दृष्टिकोण रखा जा रहा है। इस मुद्दे को लेकर सांसदों ने विभिन्न पहलुओं पर अपनी चिंता व्यक्त की।
सदस्यों की सक्रिय भागीदारी
बैठक में सांसदों की सक्रिय भागीदारी ने यह साबित किया कि वे ट्रेड डील और बांग्लादेश जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों को लेकर गंभीर हैं। सभी ने इस प्रकार की असंगठित बैठकों में भागीदारी को जरूरी बताया। थरूर ने कहा कि यह संवाद जारी रहना चाहिए ताकि सभी सवालों का समाधान हो सके।