देश के प्रतिष्ठित तकनीकी संस्थानों में शामिल IIT बॉम्बे ने छात्रों की मानसिक सेहत को लेकर बड़ा कदम उठाया है। संस्थान ने अपने स्टूडेंट वेलनेस सेंटर के लिए 30 काउंसलर नियुक्त करने की प्रक्रिया शुरू की है। इनमें 26 स्टूडेंट काउंसलर और चार सीनियर काउंसलर के पद हैं। इस भर्ती का मकसद कैंपस में पढ़ने वाले करीब 14 हजार विद्यार्थियों को मानसिक और भावनात्मक समस्याओं से निपटने में बेहतर मदद उपलब्ध कराना है। यह फैसला संस्थान में छात्र साहिल वाकोडे की मौत के बाद मानसिक स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर उठे सवालों और छात्रों के विरोध प्रदर्शन के बीच आया है। विद्यार्थियों ने काउंसलिंग व्यवस्था को मजबूत करने की मांग की थी। अब संस्थान ने नए काउंसलर नियुक्त करने की पहल की है, जिससे छात्रों को जरूरत के समय पेशेवर सहायता मिल सके।
30 पदों पर होगी भर्ती, दो तरह की वैकेंसी
IIT बॉम्बे के स्टूडेंट वेलनेस सेंटर ने कुल 30 अस्थायी यानी एड हॉक पदों के लिए आवेदन आमंत्रित किए हैं। इनमें 26 स्टूडेंट काउंसलर और चार सीनियर काउंसलर शामिल हैं। स्टूडेंट काउंसलर छात्रों की रोजमर्रा की मानसिक और भावनात्मक चुनौतियों को समझने और उनसे निपटने में मदद करेंगे। वहीं, सीनियर काउंसलर के पदों के लिए ज्यादा अनुभव वाले पेशेवरों की जरूरत होगी। संस्थान को उम्मीद है कि काउंसलरों की संख्या बढ़ने से विद्यार्थियों को समय पर मदद मिलेगी और स्टूडेंट वेलनेस सेंटर की सेवाएं बेहतर होंगी।
कौन कर सकता है आवेदन?
भर्ती में आवेदन करने के लिए उम्मीदवारों के पास मनोविज्ञान में MA या MSc की डिग्री होनी चाहिए। इसमें क्लिनिकल साइकोलॉजी, काउंसलिंग साइकोलॉजी या सोशल साइकोलॉजी में विशेषज्ञता जरूरी बताई गई है। उम्मीदवारों के कम से कम 55 प्रतिशत अंक या इसके बराबर ग्रेड होने चाहिए।
अनुभव के मामले में दोनों पदों के लिए अलग-अलग शर्तें हैं।
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स्टूडेंट काउंसलर: संबंधित डिग्री पूरी करने के बाद कम से कम दो साल का प्रासंगिक अनुभव।
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सीनियर काउंसलर: संबंधित डिग्री पूरी करने के बाद कम से कम 10 साल का प्रासंगिक अनुभव।

