<?xml version="1.0" encoding="UTF-8"?><rss version="2.0"
	xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
	xmlns:wfw="http://wellformedweb.org/CommentAPI/"
	xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
	xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom"
	xmlns:sy="http://purl.org/rss/1.0/modules/syndication/"
	xmlns:slash="http://purl.org/rss/1.0/modules/slash/"
	>

<channel>
	<title>इंडिया अमेरिका Archives - The CSR Journal</title>
	<atom:link href="https://thecsrjournal.in/tag/%e0%a4%87%e0%a4%82%e0%a4%a1%e0%a4%bf%e0%a4%af%e0%a4%be-%e0%a4%85%e0%a4%ae%e0%a5%87%e0%a4%b0%e0%a4%bf%e0%a4%95%e0%a4%be/feed/" rel="self" type="application/rss+xml" />
	<link>https://thecsrjournal.in/tag/इंडिया-अमेरिका/</link>
	<description></description>
	<lastBuildDate>Fri, 08 Aug 2025 13:30:04 +0000</lastBuildDate>
	<language>en-US</language>
	<sy:updatePeriod>
	hourly	</sy:updatePeriod>
	<sy:updateFrequency>
	1	</sy:updateFrequency>
	

<image>
	<url>https://thecsrjournal.in/wp-content/uploads/2025/03/cropped-thecsrjournal-favicon-32x32.png</url>
	<title>इंडिया अमेरिका Archives - The CSR Journal</title>
	<link>https://thecsrjournal.in/tag/इंडिया-अमेरिका/</link>
	<width>32</width>
	<height>32</height>
</image> 
	<item>
		<title>Trump Tariff के बाद भारत का बड़ा कदम, India-America Defence Deal पर रोक</title>
		<link>https://thecsrjournal.in/india-halts-us-arms-deal-after-trump-tariff-2025-hindi/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Rahuldeo Sharma]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 08 Aug 2025 13:30:04 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[CSR Global Stories]]></category>
		<category><![CDATA[Header News]]></category>
		<category><![CDATA[India]]></category>
		<category><![CDATA[National News]]></category>
		<category><![CDATA[News Wire]]></category>
		<category><![CDATA[Other News]]></category>
		<category><![CDATA[Trending]]></category>
		<category><![CDATA[World]]></category>
		<category><![CDATA[हिन्दी मंच]]></category>
		<category><![CDATA[Donald Trump]]></category>
		<category><![CDATA[India-UK Trade Deal]]></category>
		<category><![CDATA[Trump Tarrif War Against India]]></category>
		<category><![CDATA[अमेरिका]]></category>
		<category><![CDATA[इंडिया अमेरिका]]></category>
		<category><![CDATA[टैरिफ]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://thecsrjournal.in/?p=89229</guid>

					<description><![CDATA[<p>अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump के हालिया फैसले ने भारत-अमेरिका के रिश्तों में तनाव बढ़ा दिया है। 6 अगस्त को Trump ने भारतीय निर्यात पर 25% अतिरिक्त टैरिफ (Trump Tariff) लगाने की घोषणा की। इसके बाद भारतीय निर्यात पर कुल शुल्क 50% तक पहुंच गया, जो किसी भी अमेरिकी व्यापारिक साझेदार पर लगाया गया अब तक [&#8230;]</p>
<p>The post <a href="https://thecsrjournal.in/india-halts-us-arms-deal-after-trump-tariff-2025-hindi/">Trump Tariff के बाद भारत का बड़ा कदम, India-America Defence Deal पर रोक</a> appeared first on <a href="https://thecsrjournal.in">The CSR Journal</a>.</p>
]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<h5>अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump के हालिया फैसले ने भारत-अमेरिका के रिश्तों में तनाव बढ़ा दिया है। 6 अगस्त को Trump ने भारतीय निर्यात पर 25% अतिरिक्त टैरिफ (Trump Tariff) लगाने की घोषणा की। इसके बाद भारतीय निर्यात पर कुल शुल्क 50% तक पहुंच गया, जो किसी भी अमेरिकी व्यापारिक साझेदार पर लगाया गया अब तक का सबसे ज्यादा दर है। Trump का आरोप है कि भारत रूस से कच्चा तेल खरीदकर अप्रत्यक्ष रूप से Russia-Ukraine War को फंड कर रहा है। इस कदम से दोनों देशों के बीच आर्थिक और रणनीतिक रिश्तों पर असर पड़ना तय है।</h5>
<h2>India-America Defence Deal हथियार सौदे पर रोक</h2>
<h5>सूत्रों के अनुसार, भारत ने अमेरिका से नए हथियार और विमान खरीदने की योजना को फिलहाल स्थगित (India-US Defence Deal Halted) कर दिया है। यह योजना आने वाले हफ्तों में घोषित होनी थी और इसके लिए रक्षा मंत्री Rajnath Singh का वॉशिंग्टन दौरा तय था। लेकिन हालात बिगड़ने के चलते यह दौरा रद्द कर दिया गया है। भारत ने साफ किया है कि जब तक टैरिफ और द्विपक्षीय संबंधों को लेकर स्पष्टता नहीं आती, तब तक यह सौदा आगे नहीं बढ़ेगा।</h5>
<h2>टैरिफ विवाद की वजह India America Relationship खराब</h2>
<h5>Donald Trump पहले भी कई बार अपने टैरिफ निर्णयों में अचानक बदलाव करते रहे हैं। लेकिन इस बार मामला केवल आर्थिक नहीं, बल्कि Geopolitical भी है।</h5>
<h5>टैरिफ का कारण: रूस से भारत की तेल खरीद।</h5>
<h5>Trump का तर्क: भारत की इस खरीद से रूस की अर्थव्यवस्था को मदद मिलती है, जिससे वह यूक्रेन पर हमला जारी रख पा रहा है।</h5>
<h5>भारत का रुख: हमारा व्यापारिक फैसला स्वतंत्र है और इसका किसी युद्ध में समर्थन से कोई लेना-देना नहीं है।</h5>
<h2>भारत की रणनीति India Halts US Arms Purchase</h2>
<h5>भारत ने अमेरिका के साथ अपने रक्षा और आर्थिक रिश्तों को हमेशा प्राथमिकता दी है, लेकिन India’s Defence Procurement Policy में यह प्रावधान है कि किसी भी विदेशी सौदे को राष्ट्रीय हित के खिलाफ होने पर रोका जा सकता है। रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि यह फैसला भारत की ओर से अमेरिका को एक सख्त संदेश है कि वह दबाव की राजनीति स्वीकार नहीं करेगा।</h5>
<h2>आगे क्या करेगा भारत?</h2>
<h5>सूत्रों के मुताबिक, भारत और अमेरिका के बीच इस विवाद को कूटनीतिक स्तर पर सुलझाने की कोशिशें जारी हैं। अगर टैरिफ में कमी या छूट मिलती है, तो US-India Defence Cooperation फिर से पटरी पर आ सकता है। लेकिन फिलहाल, भारत ने अपने रुख को स्पष्ट कर दिया है राष्ट्रीय हित पहले, सौदे बाद में।</h5>
<h2>जनता और बाजार पर असर</h2>
<h5>इस टकराव से न केवल रक्षा सौदों पर असर पड़ेगा, बल्कि भारतीय निर्यातकों के लिए भी यह झटका है। उच्च टैरिफ का मतलब है कि अमेरिकी बाजार में भारतीय वस्तुएं महंगी हो जाएंगी, जिससे उनकी प्रतिस्पर्धा घट सकती है।</h5>
<p>The post <a href="https://thecsrjournal.in/india-halts-us-arms-deal-after-trump-tariff-2025-hindi/">Trump Tariff के बाद भारत का बड़ा कदम, India-America Defence Deal पर रोक</a> appeared first on <a href="https://thecsrjournal.in">The CSR Journal</a>.</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>India-Pakistan के बीच होने वाला है कुछ बड़ा? अमेरिका ने जारी की एडवाइजरी, LoC की यात्रा न करने की सलाह</title>
		<link>https://thecsrjournal.in/india-pakistan-loc-american-advisory-hindi/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Rahuldeo Sharma]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 10 Mar 2025 04:48:02 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Header News]]></category>
		<category><![CDATA[India]]></category>
		<category><![CDATA[National News]]></category>
		<category><![CDATA[CSR Travel]]></category>
		<category><![CDATA[Uncategorized]]></category>
		<category><![CDATA[World]]></category>
		<category><![CDATA[हिन्दी मंच]]></category>
		<category><![CDATA[India Pakistan]]></category>
		<category><![CDATA[LoC]]></category>
		<category><![CDATA[अमेरिका]]></category>
		<category><![CDATA[इंडिया अमेरिका]]></category>
		<category><![CDATA[इंडिया पाकिस्तान]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://thecsrjournal.in/?p=70666</guid>

					<description><![CDATA[<p>India-Pakistan के LoC के आसपास के क्षेत्रों, साथ ही पाकिस्तान के बलूचिस्तान और खैबर पख्तूनख्वा प्रांतों की यात्रा न करने की सलाह अमेरिका ने दी गई है। अमेरिका ने एक एडवाइजरी जारी कर ये कहा है। जिससे हिमालय की ऊंची चोटियों से लेकर रेगिस्तानी मैदानों तक फैली भारत-पाकिस्तान की नियंत्रण रेखा (LoC), एक बार फिर [&#8230;]</p>
<p>The post <a href="https://thecsrjournal.in/india-pakistan-loc-american-advisory-hindi/">India-Pakistan के बीच होने वाला है कुछ बड़ा? अमेरिका ने जारी की एडवाइजरी, LoC की यात्रा न करने की सलाह</a> appeared first on <a href="https://thecsrjournal.in">The CSR Journal</a>.</p>
]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<h5>India-Pakistan के LoC के आसपास के क्षेत्रों, साथ ही पाकिस्तान के बलूचिस्तान और खैबर पख्तूनख्वा प्रांतों की यात्रा न करने की सलाह अमेरिका ने दी गई है। अमेरिका ने एक एडवाइजरी जारी कर ये कहा है। जिससे हिमालय की ऊंची चोटियों से लेकर रेगिस्तानी मैदानों तक फैली भारत-पाकिस्तान की नियंत्रण रेखा (LoC), एक बार फिर सुर्खियों में आ गया है। 9 मार्च 2025 को अमेरिकी विदेश विभाग ने अपने नागरिकों के लिए एक यात्रा एडवाइजरी जारी की। इसमें भारत-पाकिस्तान नियंत्रण रेखा (<a href="https://thecsrjournal.in/china-and-india-start-disengagement-loc/">LoC</a>) के आसपास के क्षेत्रों, साथ ही पाकिस्तान के बलूचिस्तान और खैबर पख्तूनख्वा प्रांतों की यात्रा न करने की सलाह दी गई है। एडवाइजरी में इन क्षेत्रों में आतंकवादी गतिविधियों और सशस्त्र संघर्ष की आशंका का उल्लेख किया गया है। अमेरिकी नागरिकों से पाकिस्तान की यात्रा पर पुनर्विचार करने और LoC के आसपास के क्षेत्रों से बचने को कहा गया है।</h5>
<h2>India-Pakistan पर जारी American Advisory में क्या कहा?</h2>
<h5>नियंत्रण रेखा के दोनों ओर भारत और पाकिस्तान की सेनाओं की भारी तैनाती है। एडवाइजरी में इस क्षेत्र को सशस्त्र संघर्ष के जोखिम के कारण खतरनाक बताया गया है। पाकिस्तान के प्रांत: बलूचिस्तान और खैबर पख्तूनख्वा में आतंकवादी हमलों और हिंसा की घटनाओं का हवाला दिया गया है। इन क्षेत्रों में सुरक्षा स्थिति को अस्थिर माना गया है। अमेरिकी विदेश विभाग ने अपने नागरिकों को इन क्षेत्रों में यात्रा से बचने और पाकिस्तान की समग्र यात्रा पर दोबारा विचार करने की सिफारिश की है। Potential for Armed Conflict between India-Pakistan</h5>
<h2>जयशंकर बोले- पीओके मिलने के बाद कश्मीर का मसला हल हो जाएगा</h2>
<h5>एक कार्यक्रम में भारत के विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर से कश्मीर मुद्दे पर सवाल पूछा गया तो डॉ. एस. जयशंकर ने कहा कि पाकिस्तान के पाक अधिकृत कश्मीर (पीओके) को खाली करने से कश्मीर मुद्दा पूरी तरह से हल हो जाएगा। आगे कहा कि कश्मीर में हमने इसके अधिकांश मुद्दों को हल करने में अच्छा काम किया है। मुझे लगता है कि अनुच्छेद 370 को हटाना एक कदम था। फिर, कश्मीर में विकास, आर्थिक गतिविधि और सामाजिक न्याय को बहाल करना दूसरा कदम था। चुनाव कराना, जिसमें बहुत अधिक मतदान हुआ, तीसरा कदम था। मुझे लगता है कि हम जिस हिस्से का इंतजार कर रहे हैं, वह कश्मीर के उस हिस्से की वापसी है, जो अवैध पाकिस्तानी कब्जे में है। जब यह हो जाएगा, तो मैं आपको आश्वासन देता हूं कि कश्मीर का मसला हल हो जाएगा।</h5>
<h2>हाल ही में दिए गए PoK को लेकर अन्य नेताओं के बयान</h2>
<h5>8 मार्च 2025 को राजनाथ सिंह ने नियंत्रण रेखा से संबंधित एक बयान में कहा, “मुझे नहीं लगता कि पाकिस्तान हमें PoK (पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर) लौटाएगा। मुझे विश्वास है कि PoK के लोग खुद भारत के साथ विलय की मांग करेंगे, और पाकिस्तान को इसे स्वीकार करना पड़ेगा। PoK को पाकिस्तान की सहमति की जरूरत नहीं होगी।” यह बयान LoC के संदर्भ में क्षेत्रीय स्थिति पर उनके विचार को दर्शाता है। वही 27 मार्च 2024 को अमित शाह ने कहा था कि केंद्र सरकार जम्मू-कश्मीर में सशस्त्र बल (विशेष शक्तियां) अधिनियम (AFSPA) को हटाने की संभावना पर विचार करेगी। हालांकि यह बयान सीधे LoC से संबंधित नहीं है, लेकिन यह क्षेत्र की सुरक्षा स्थिति को सामान्य करने की दिशा में एक कदम को इंगित करता है।</h5>
<h2>जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने हाल ही में LoC पर स्थिति की समीक्षा की</h2>
<h5><a href="https://www.india.gov.in/my-government/whos-who/chiefs-armed-forces">जनरल</a> उपेंद्र द्विवेदी ने हाल ही में LoC पर स्थिति की समीक्षा की। 14 अगस्त 2024 को एक बैठक में, जहां रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह भी मौजूद थे, सेना प्रमुख ने LoC सहित जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा तैयारियों पर चर्चा की। हालांकि उनका विशिष्ट बयान सार्वजनिक नहीं किया गया, लेकिन सेना की ओर से कहा गया कि सशस्त्र बल उच्च सतर्कता पर हैं और स्थिति की बारीकी से निगरानी कर रहे हैं। LoC पर भारत और पाकिस्तान की सेनाओं की तैनाती लंबे समय से जारी है। यह क्षेत्र दोनों देशों के बीच तनाव का एक प्रमुख बिंदु रहा है। वहीं बलूचिस्तान और खैबर पख्तूनख्वा में आतंकवादी संगठनों की गतिविधियां और हिंसक घटनाएं हाल के वर्षों में दर्ज की गई हैं। हालांकि, यह एडवाइजरी अमेरिकी नागरिकों की सुरक्षा के लिए जारी की गई है और इसमें किसी विशिष्ट घटना या तत्काल संघर्ष की घोषणा नहीं की गई है।</h5>
<p>The post <a href="https://thecsrjournal.in/india-pakistan-loc-american-advisory-hindi/">India-Pakistan के बीच होने वाला है कुछ बड़ा? अमेरिका ने जारी की एडवाइजरी, LoC की यात्रा न करने की सलाह</a> appeared first on <a href="https://thecsrjournal.in">The CSR Journal</a>.</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>PM Modi US Visit: पीएम मोदी के अमेरिका दौरे से देश को क्या-क्या मिला</title>
		<link>https://thecsrjournal.in/pm-modi-us-visit-what-india-get-from-america-donald-trump-hindi/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Rahuldeo Sharma]]></dc:creator>
		<pubDate>Fri, 14 Feb 2025 05:36:47 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[CSR Global Stories]]></category>
		<category><![CDATA[Header News]]></category>
		<category><![CDATA[हिन्दी मंच]]></category>
		<category><![CDATA[PM Modi US Visit]]></category>
		<category><![CDATA[इंडिया अमेरिका]]></category>
		<category><![CDATA[डोनाल्ड ट्रंप]]></category>
		<category><![CDATA[पीएम मोदी]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://thecsrjournal.in/?p=56296</guid>

					<description><![CDATA[<p>PM Modi US Visit: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को व्हाइट हाउस में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात की। इस मुलाकात के दौरान दोनों नेताओं के बीच कई अहम मुद्दों पर बातचीत हुई, साथ ही कई अहम समझौते भी हुए। दोनों देशों के बीच पांचवीं पीढ़ी के लड़ाकू विमानों  की खरीद को लेकर बातचीत [&#8230;]</p>
<p>The post <a href="https://thecsrjournal.in/pm-modi-us-visit-what-india-get-from-america-donald-trump-hindi/">PM Modi US Visit: पीएम मोदी के अमेरिका दौरे से देश को क्या-क्या मिला</a> appeared first on <a href="https://thecsrjournal.in">The CSR Journal</a>.</p>
]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<div id=":1in" class="Am aiL Al editable LW-avf tS-tW tS-tY" tabindex="1" role="textbox" contenteditable="true" spellcheck="false" aria-label="Message Body" aria-multiline="true" aria-owns=":1l6" aria-controls=":1l6" aria-expanded="false">
<h5>PM Modi US Visit: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को व्हाइट हाउस में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात की। इस मुलाकात के दौरान दोनों नेताओं के बीच कई अहम मुद्दों पर बातचीत हुई, साथ ही कई अहम समझौते भी हुए। दोनों देशों के बीच पांचवीं पीढ़ी के लड़ाकू विमानों  की खरीद को लेकर बातचीत हुई तो साथ ही दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार को साल 2030 तक 500 अरब डॉलर तक लेकर जाने का भी लक्ष्य तय किया गया। तो आइए जानते हैं कि इन समझौतों के तहत भारत को अमेरिका से क्या क्या फायदा मिलने वाला है।</h5>
<blockquote class="twitter-tweet">
<p dir="ltr" lang="en">An excellent meeting with <a href="https://twitter.com/POTUS?ref_src=twsrc%5Etfw">@POTUS</a> <a href="https://twitter.com/realDonaldTrump?ref_src=twsrc%5Etfw">@realDonaldTrump</a> at the White House. Our talks will add significant momentum to the India-USA friendship! <a href="https://t.co/lS7o4768yi">pic.twitter.com/lS7o4768yi</a></p>
<p>— Narendra Modi (@narendramodi) <a href="https://twitter.com/narendramodi/status/1890210237770260615?ref_src=twsrc%5Etfw">February 14, 2025</a></p></blockquote>
<p><script async src="https://platform.twitter.com/widgets.js" charset="utf-8"></script></p>
<h2>PM Modi US Visit से रक्षा क्षेत्र को क्या मिला</h2>
<h5>पीएम मोदी के अमेरिका दौरे पर दोनों देशों के बीच रक्षा क्षेत्र में कई अहम समझौते हुए, जिनमें दोनों देशों के बीच एक 10 साल का फ्रेमवर्क बनाने पर सहमति बनी, जिससे दोनों देशों के बीच रक्षा साझेदारी को बढ़ाया जाएगा। इसके तहत भारत, अमेरिका से जैवलिन एंटी टैंक मिसाइलें, स्ट्राइकर आर्म्ड लड़ाकू वाहन और पी81 नौसैनिक सर्विलांस विमानों की खरीद करेगा। साथ ही इंटरनेशनल ट्रैफिक इन आर्म्स रेगुलेशंस की भी समीक्षा की जाएगी, जिससे दोनों देशों के बीच तकनीकी स्थानांतरण और रक्षा उपकरणों की सप्लाई हो सके।</h5>
<h2>अंतरिक्ष, हवाई सुरक्षा, मिसाइल, समुद्री युद्ध जैसे क्षेत्रों में सहयोग पर भी हुई बात</h2>
<h5>India America Defence: भारत और अमेरिका रेसीप्रोकल डिफेंस अधिग्रहण समझौते पर बातचीत के लिए भी सहमत हुए हैं। अगर सब कुछ सही रहता है तो दोनों देश एक दूसरे के यहां से अहम रक्षा उपकरणों की खरीद कर सकेंगे। दोनों देशों में अंतरिक्ष, हवाई सुरक्षा, मिसाइल, मेरीटाइम और समुद्री युद्ध जैसे क्षेत्रों में रक्षा सहयोग बढ़ाने पर भी बात हुई। अमेरिका ने भारत को पांचवीं पीढ़ी के लड़ाकू विमान बेचने के लिए अपनी नीति की समीक्षा का भी एलान किया है। PM Modi in America</h5>
<h5>भारत और अमेरिका ने ओटोनॉमस सिस्टम्स इंडस्ट्री अलायंस (ASIA) समझौते की शुरुआत की है। इसके तहत दोनों देश समुद्र की भीतर सहयोग को बेहतर बनाएंगे और अंडरवाटर डोमेन अवेयरनेस के तहत संवेदनशील तकनीक को साथ मिलकर विकसित करेंगे। भारत पहला देश है, जिसके साथ मिलकर अमेरिका संवेदनशील समुद्री तकनीक को विकसित करेगा। साथ ही सी पिकेट सर्विलांस सिस्टम, वेब ग्लाइडर अनमैन्ड व्हीकल, लो फ्रीक्वेंसी एक्टिव सोनार्स,  समेत विभिन्न रक्षा तकनीक साथ मिलकर विकसित करने पर भी दोनों देशों में बात हुई।</h5>
<h2>भारत और अमेरिका के बीच व्यापार होगा सुगम</h2>
<h5>भारत और अमेरिका ने द्विपक्षीय व्यापार को साल 2030 तक 500 अरब डॉलर करने का भी लक्ष्य तय किया है। दोनों देशों के बीच अहम व्यापारिक समझौतों पर इस साल ही सहमति बनाई जा सकती है। <a href="https://thecsrjournal.in/csr-usa-united-states-of-america-corporate-social-responsibility/">America</a> News</h5>
<h2>PM Modi US Visit से तकनीकी क्षेत्र में सहयोग</h2>
<h5>पीएम मोदी के अमेरिका दौरे पर दोनों देशों के बीच सरकार, शिक्षा और निजी क्षेत्र के साथ ही अहम तकनीक पर सहयोग बढ़ाने के लिए ट्रांसफोर्मिंग द रिलेशनशिप यूटिलाइजिंग स्ट्रेटेजिक टेक्नोलॉजी पहल का ऐलान किया है। एआई के क्षेत्र में सहयोग के लिए दोनों देशों के बीच इस साल के अंत तक एक रोडमैप तैयार किया जा सकता है। अमेरिका में भारतीय दवाईयों के उत्पादन में विस्तार पर भी सहमति बनी है।  अमेरिका एक नेशनल साइंस फाउंडेशन और भारत के अनुसंधान नेशनल रिसर्च फाउंडेशन के बीच उभरती हुई तकनीक और रिसर्च में सहयोग बढ़ाने पर भी दोनों देशों के बीच एमओयू पर हस्ताक्षर हुए हैं।</h5>
<h2>ऊर्जा क्षेत्र में होगा ये</h2>
<h5>पीएम मोदी और डोनाल्ड ट्रंप के बीच बातचीत में ऊर्जा सुरक्षा पर भी बात हुई। अमेरिका ने कहा कि वह भारत की अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा एजेंसी में सदस्यता के लिए समर्थन देगा। दोनों देशों ने नागरिक परमाणु समझौते पर भी सहयोग बढ़ाने की बात कही। छोटे मॉड्यूलर रिएक्टर्स के विकास और उत्पादन पर भी दोनों देशों के बीच सहयोग की सहमति बनी।</h5>
<h2>PM Modi US Visit से Solve हुआ अप्रवासन का मुद्दा</h2>
<h5>दोनों देशों के नेताओं के बीच अप्रवासियों के मुद्दे पर भी बात हुई। जिसमें संयुक्त डिग्री, ऑफशोर कैंपस और सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के विस्तार पर बातचीत हुई। साथ ही अवैध अप्रवासन, मानव तस्करी पर रोक लगाने पर भी सहमति बनी। इसके लिए कानून प्रवर्तन एजेंसियों को बेहतर करने और संगठित अपराध से निपटने, ड्रग तस्करी  और आतंकवाद के मुद्दे पर सहयोग की बात हुई।</h5>
<h2>मुंबई हमले के दोषियों को भारत प्रत्यर्पण की मंजूरी</h2>
<h5>अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पीएम मोदी के साथ मुलाकात में कहा कि मुंबई हमले के दोषी तहव्वुर राणा के भारत प्रत्यर्पण को मंजूरी दी गई है। भारत-मध्य पूर्व और यूरोप कॉरिडोर को लेकर भी दोनों देशों में बात हुई। दोनों देशों ने आतंकवाद, 26/11 के मुंबई हमले और पठानकोट हमले के मुद्दे पर पाकिस्तान की जवाबदेही तय करने पर भी चर्चा हुई।</h5>
</div>
<p>The post <a href="https://thecsrjournal.in/pm-modi-us-visit-what-india-get-from-america-donald-trump-hindi/">PM Modi US Visit: पीएम मोदी के अमेरिका दौरे से देश को क्या-क्या मिला</a> appeared first on <a href="https://thecsrjournal.in">The CSR Journal</a>.</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
	</channel>
</rss>
